
एक साधु ने अपने आश्रम के अंत:वासियों को जगत के विराट विद्यालय में अध्ययन के लिए यात्रा को भेजा था। समय पूरा होने पर वे सब, केवल एक को छोड़कर, वापस लौट आये थे। उनके ज्ञानार्जन और उपलब्धियों को देखकर गुरु बहुत प्रसन्न हुआ था। वे बहुत कुछ सीख कर वापस लौटे ...
आगे पढ़ें...